Dil kya cheez hai

Dil kya cheez hai


कसूर न उनका है न मेरा , हम दोनों ही रिश्तों की रस्में निभाते रहे , वह दोस्ती का एहसास जताते रहे , हम मोहब्बत को दिल में चुपाते रहे ।।

Dil kya cheez hai
Dil kya cheez hai


प्यारा सा एहसास हो तुम , हर पल मेरे पास हो तुम , जिने की एक आस हो तुम , मन्न का एक विश्वास हो तुम , शायद इस लिए , कुछ खास हो तुम ।।

दिल की बातें आँखों से कही जाती है , बोल धड़कन से सुने जाते है , आप तो नादाँ है जो साफ़ सुनना चाहते है , इश्क़ के जज़्बात तो सिर्फ महसूस किये जाते है ।।


Dil kya cheez hai
Dil kya cheez hai




दिल ने कहा याद करते रेहना, मनन ही मनन बात करते रहना , वो हमारे दर्द की फरियाद सुने न सुने , अपना तो फ़र्ज़ है उन्हें प्यार करते रहना ।।


Dil kya cheez hai
Dil kya cheez hai


उन्हें ये शिकायत है हम से , की हम हर किसी को देख कर मुश्कुराते हैं , नासमझ हैं वो क्या जाने , हमें तो हर चेहरे में वही नज़र आते हैं ।।

जी चाहता है तुमसे प्यारी सी बात हो , खामोश तारे और लम्बी सी रात हो , फिर सारी रात तुमसे हम कहते रहें , की तुम मेरी ज़िन्दगी तुम मेरी क़ायनात हो ।।


Dil kya cheez hai
Dil kya cheez hai


रात होगी तो चाँद दुहाई देगा , खवाबों में आपको वह चेहरा दिखाई देगा , ये मोहब्बत है ज़रा सोंच के करना , एक आँसू भी गिरा तो सुनाई देगा ।।


Dil kya cheez hai
Dil kya cheez hai





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